Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

0 0
Read Time:4 Minute, 35 Second

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason

It cannot be said to be a mistake of the government to take lightly the clash of Indo-China soldiers in Tawang sector of Arunachal Pradesh.

Was the government not aware of this incident or is the government deliberately becoming ignorant? The Parliament session was going on on December 9, at that time the Government had to put this matter before the Parliament and take action on it. But neither did any statement come from the government nor talked about that subject till date.

#ArunachalTawang #IndiaChinaclash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

अरूणाचल तवांग भारत चीन भिडंत, क्यों चुप है सरकार, क्या है कारण?

अरूणाचल प्रदेश के तवांग सेक्टर में हुइ भारत चीन सैनिकों की भीडंत को हल्के में लेना सरकार की भूल नही कहा जा सकता है।

क्या सरकार को इस घटना का पता नही था या जानबुझ कर अनजान बन रही है सरकार ? 9 दिसम्बर को संसद का सत्र चल रहा था सरकार का उसी वक्त इस बात को संसद के सामने रखना था व उस पर एक्शन लेना था। किन्तु सरकार की तरफ से किसी प्रकार का न तो बयान आया न ही उस विशय को लेकर आज तक बात की ।

जो बयान आया वह भी बिती शाम को सैना की और से की दोनो ओर के सैनिक घायल हुए है इन सैनिको की तादात लगभग 30 बताई जा रही थी। भारतीय सैनिको की संख्या लगभग 9 है जो मामुली तौर पर जखमी हुवे है।

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

सरकार की यह कमजतरी कहा जावेगा जो इस बात को हल्के में ले रही है । इसके पूर्व साल जून 2020 मेें पूर्वी लददाख के गलवान में घातक घटना देख चुके है जिसमें हमारे देश के वीर सैनिक सहिद हो गये थे। और चीनी सैनिको को मार भगाया था। आज भी वही घटना दोहराई है हमारे सैनिक चाहे कितनी ताकतवर हो किन्तु सरकार का एक्शन होना अतिआवश्यक है।

एक दूसरे सैनिको को लाठी डंडो से पीटा गया एक वीडियों देखा जा सकता है कि किस तरह चीनी सैनिक आकर भारतीय सैनिक को पीछे हटने का इशारा करता है और धक्का देता है चीनी सैनिको की हिमाकत का जवाब देना उसी की भाषा में आवश्यक है।

भारतीय सैनिक गुवाहाटी के अस्पताल में भर्ती घटना के बाद दोनो पक्षों के सैनिक अपने अपने क्षेत्र में स्थापित हो गये चीनी सैनिकों की मंशा निर्माण करना था जीस मंशा को भारतीय सैनिको ने नाकाम कर दिया और इसी बात को लेकर यह झडप हुई । चीन हमेशा से निर्माण करने के बहाने अतिक्रमण करता चला आ रहा है।

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

घटना के बाद भारतीय कमांडर व उनके समकक्ष अधिकारी से शांति बहाली के लिये फलैग मीटिंग की गई थी।

आने वाले समय में चीन को सबक सीखाने के लिये कढा रूख अपनाया जाना अतिआवश्यक है । सरकार को एक्शन मोड में आकर कडा रूख अपनाना होगा अन्यथा यह झडप आगे विकराल रूप धारण करने की ओर अग्रसर होगी। चीन अपनी चाल बाजी व हडप नीति से बाज नही आयेगा उसे सबक सीखाने की आवश्यकता है। सरकार को चाहिये कि इस प्रकार की घटना का देश को पता होना चाहिये बात छुपाने राजनीति करने से बात नही चलेगी देश की परवाह पहले होनी चाहिये।

संसद में अरूणाचल घटना को नही बताना सरकार की नाकामी कहा जा सकता है भुल नही ।

Arunachal Tawang India China clash, why the government is silent, what is the reason, 9 December

Happy
Happy
0 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %

Average Rating

5 Star
0%
4 Star
0%
3 Star
0%
2 Star
0%
1 Star
0%

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

In providing self-employment, MP number one in the country

Tue Dec 13 , 2022
In providing self-employment, MP number one in the country In providing self-employment, MP number one in the country: स्वरोजगार दिलाने में म.प्र. देश में नंबर वन स्वरोजगार उपलब्ध राने में मध्यप्रदेश देश में अग्रणी बन गया है। सुशासन से समृद्ध मध्यप्रदेश योजना युवाओं को रोजगार दिलवाने में मध्यप्रदेश की उपलब्धी […]
In providing self-employment, MP number one in the country

You May Like